संघर्ष थकाता जरूर है,
पर हमें सुंदर और अंदर से मजबूत
भी बनाता है..
हो सकता है हर दिन अच्छा ना हो,
लेकिन हर दिने में कुछ न कुछ अच्छा होता है।
आपका दिन शुभ हो।
जीवन की वास्तविकता बस इतनी सी है
बचपन मे होम वर्क जवानी मे होम लोन और बुढापे में होम अलोन
ही रह जाता है...
सुप्रभात!
अच्छाई और बुराई दोनों हमारे अंदर हैं
जिसका अधिक प्रयोग करोगे वो उभरती व निखरती जायगी
साइलेंट मोड पर
सिर्फ
फ़ोन अच्छे लगते है....
रिश्ते - नाते
और
दोस्त नहीं।
गुड मॉर्निंग