रंगों के होते कई नाम
कोई कहे पीला कोई कहे लाल
हम तो जाने बस खुशियों की होली
राग द्वेष मिटाओ और मनाओ होली
हम इस तरह होली के रंग फैलाएंगे
कि सबके संग हम भी रंगों में घुल जाएंगे
इस बार होली का रंग और भी गहरा होगा
क्योंकि दोस्तों के साथ दुश्मन का भी रंग होगा
हैप्पी होली
राधा के रंग और कृष्णा की पिचकारी,
प्यार के रंग से रंग दो दुनिया सारी,
ये रंग ना जाने कोई मजहब ना कोई बोली,
मुबारक हो आपको खुशियों भरी होली.
इस से पहले होली की शाम हो जाए,
बधाइयों का सिलसिला आम हो जाए,
भीड़ मे शामिल हमारा नाम हो जाए
क्यू ना होली की अभी से राम राम हो जाए