हम आज भी शतरंज़ का खेल
अकेले ही खेलते हे ,
क्युकी दोस्तों के खिलाफ चाल
चलना हमे आता नही ..।


Click Here To Read Full Post

7707 Views

माँ ने कहा था कभी किसीका दिल मत तोडना,,
इसलिए हमने दिल को छोड के बाक़ी सब तोड़ा !!


Click Here To Read Full Post

8279 Views